MP में PUC सर्टिफिकेट के नियम बदले, अब OTP वेरिफिकेशन के बिना नहीं मिलेगा प्रमाणपत्र
मध्यप्रदेश में PUC सर्टिफिकेट बनवाने के लिए अब मोबाइल OTP वेरिफिकेशन अनिवार्य कर दिया गया है। बिना OTP सत्यापन के प्रदूषण प्रमाण पत्र जारी नहीं होगा। जानिए नए नियम और वाहन मालिकों पर इसका असर।

भोपाल. मध्यप्रदेश में वाहन मालिकों के लिए पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल (PUC) सर्टिफिकेट बनवाने की प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया गया है। अब बिना मोबाइल OTP सत्यापन के किसी भी वाहन का पीयूसी प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जाएगा। नई व्यवस्था भोपाल समेत पूरे प्रदेश में लागू कर दी गई है।
केंद्र सरकार के निर्देश पर लागू हुई नई व्यवस्था
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के निर्देशों के तहत नेशनल इंफॉर्मेटिक्स सेंटर (NIC) ने यह नई प्रणाली लागू की है। इसके तहत जब किसी PUC केंद्र पर वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर दर्ज किया जाएगा, तो सिस्टम सीधे वाहन डेटाबेस से मालिक का मोबाइल नंबर प्राप्त करेगा और उसी नंबर पर OTP भेजा जाएगा।
डिप्टी ट्रांसपोर्ट कमिश्नर किरण शर्मा के अनुसार, वाहन के प्रदूषण परीक्षण में सफल होने के बाद OTP सत्यापन पूरा होने पर ही पीयूसी प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा।
गलत मोबाइल नंबर वालों की बढ़ सकती है परेशानी
नई व्यवस्था के बाद उन वाहन मालिकों को दिक्कत हो सकती है जिनके वाहन रिकॉर्ड में पुराना, गलत या बंद मोबाइल नंबर दर्ज है। ऐसे लोगों को पहले परिवहन विभाग में अपना मोबाइल नंबर अपडेट कराना होगा, तभी वे नया पीयूसी सर्टिफिकेट बनवा सकेंगे।
फर्जी PUC प्रमाण पत्रों पर लगेगी रोक
परिवहन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि पहले कई मामलों में एक ही मोबाइल नंबर का उपयोग कर कई वाहनों के पीयूसी प्रमाण पत्र जारी किए जा रहे थे। नई व्यवस्था में वाहन के पंजीयन रिकॉर्ड में दर्ज मोबाइल नंबर पर ही OTP भेजा जाएगा, जिससे फर्जीवाड़े और गलत पहचान के मामलों पर रोक लग सकेगी।
वाहन मालिकों के लिए क्या बदलेगा?
- PUC सर्टिफिकेट के लिए मोबाइल OTP सत्यापन अनिवार्य होगा।
- वाहन रिकॉर्ड में सही मोबाइल नंबर दर्ज होना जरूरी रहेगा।
- OTP सत्यापन के बिना प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जाएगा।
- पुराना या गलत मोबाइल नंबर होने पर रिकॉर्ड अपडेट कराना होगा।
- भविष्य में PUC समाप्त होने से पहले मोबाइल अलर्ट मिलेगा।
- फर्जी जानकारी के आधार पर प्रमाण पत्र बनवाने पर रोक लगेगी।
भोपाल में रोज बनते हैं 2500 PUC सर्टिफिकेट
भोपाल RTO डॉ. जितेंद्र शर्मा के अनुसार राजधानी में लगभग 60 PUC केंद्र संचालित हो रहे हैं, जहां प्रतिदिन करीब 2500 प्रमाण पत्र जारी किए जाते हैं। वहीं पूरे मध्यप्रदेश में 550 से 600 PUC केंद्रों के माध्यम से रोजाना 22 हजार से 25 हजार तक पीयूसी प्रमाण पत्र बनाए जाते हैं।
एक्सपायरी से पहले मिलेगा अलर्ट
परिवहन विभाग भविष्य में ऐसी व्यवस्था भी शुरू करने की तैयारी कर रहा है, जिसके तहत PUC की वैधता समाप्त होने से पहले वाहन मालिकों को मोबाइल संदेश भेजकर जानकारी दी जाएगी। इससे लोग समय रहते प्रमाण पत्र का नवीनीकरण करा सकेंगे और चालान या अन्य कार्रवाई से बच सकेंगे। नई व्यवस्था का उद्देश्य प्रदूषण नियंत्रण प्रणाली को अधिक पारदर्शी बनाना और फर्जी PUC प्रमाण पत्रों पर प्रभावी रोक लगाना है।




