युवाओं को मिलेगा हुनर और रोजगार, माटीकला व टेक्सटाइल सेक्टर के लिए सीएम योगी का बड़ा विजन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वस्त्रोद्योग और माटीकला क्षेत्र के लिए नई कौशल विकास व्यवस्था तैयार करने के निर्देश दिए। युवाओं को रोजगार, कारीगरों को आधुनिक तकनीक और ई-कॉमर्स से जोड़ने पर जोर।

लखनऊ. उत्तर प्रदेश में वस्त्रोद्योग और माटीकला क्षेत्र को नई गति देने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने व्यापक कौशल विकास व्यवस्था तैयार करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि बदलती औद्योगिक जरूरतों के अनुरूप युवाओं को प्रशिक्षित कर रोजगार से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता है। साथ ही पारंपरिक माटीकला उद्योग को आधुनिक तकनीक, डिजिटलीकरण और ई-कॉमर्स से जोड़कर राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाने पर भी जोर दिया गया।
वस्त्रोद्योग के लिए तैयार होगी नई स्किल डेवलपमेंट रणनीति
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश वस्त्र एवं परिधान उद्योग में तेजी से उभर रहा है। निवेश, उत्पादन और रोजगार के बढ़ते अवसरों को देखते हुए उद्योगों की जरूरत के अनुसार प्रशिक्षित मानव संसाधन तैयार करना आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों को रोजगारोन्मुखी और उद्योग आधारित प्रशिक्षण मॉडल विकसित करने के निर्देश दिए।
समर्थ योजना से लाखों युवाओं को मिला लाभ
बैठक में बताया गया कि समर्थ योजना के तहत अब तक 2.28 लाख से अधिक युवाओं को प्रशिक्षण दिया जा चुका है, जबकि 1.60 लाख से अधिक प्रशिक्षार्थियों को रोजगार उपलब्ध कराया गया है। कुल प्रशिक्षार्थियों में महिलाओं की भागीदारी 87 प्रतिशत से अधिक रही, जो महिला सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।
टेक्निकल टेक्सटाइल्स और ऑटोमेशन पर रहेगा फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि टेक्सटाइल सेक्टर में ऑटोमेशन, आधुनिक मशीनरी और टेक्निकल टेक्सटाइल्स जैसे क्षेत्रों का तेजी से विस्तार हो रहा है। ऐसे में प्रशिक्षण कार्यक्रमों को समय के अनुरूप अपडेट करना जरूरी है, ताकि युवाओं को बेहतर रोजगार अवसर मिल सकें।
माटीकला क्षेत्र को मिलेगा आधुनिक तकनीक और बाजार का साथ
माटीकला क्षेत्र की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि यह क्षेत्र प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान और ग्रामीण रोजगार का महत्वपूर्ण आधार है। उन्होंने कारीगरों को आधुनिक डिजाइन, सोलर चाक, उन्नत उपकरण, वित्तीय सहायता और विपणन सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
1331 माटीकला इकाइयों की स्थापना, करोड़ों का निवेश
अधिकारियों ने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री माटीकला रोजगार योजना के तहत वर्ष 2019-20 से 2025-26 तक 1,331 इकाइयों की स्थापना की जा चुकी है। इन इकाइयों में 3,302.37 लाख रुपये का निवेश हुआ है तथा 557.18 लाख रुपये की मार्जिन मनी सहायता प्रदान की गई है।
ई-कॉमर्स और ब्रांडिंग से मिलेगी वैश्विक पहचान
मुख्यमंत्री ने कहा कि पारंपरिक उद्योगों को केवल संरक्षण नहीं, बल्कि नवाचार, ब्रांडिंग और डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ने की आवश्यकता है। माटीकला उत्पादों को ई-कॉमर्स और आधुनिक विपणन प्रणालियों से जोड़कर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में नई पहचान दिलाई जा सकती है।
लंबित ऋण प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि माटीकला और अन्य पारंपरिक उद्योगों से जुड़े लाभार्थियों के लंबित ऋण प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण किया जाए। साथ ही प्रशिक्षण, तकनीकी उन्नयन, वित्तीय सहायता और विपणन से संबंधित कार्यों के लिए समयबद्ध कार्ययोजना तैयार की जाए।




