
गया. गया जिले के खिजरसराय प्रखंड में औद्योगिक और तकनीकी विकास को नई दिशा देने वाली बड़ी परियोजना आकार लेने जा रही है। देवगांव में फल्गु नदी के किनारे लगभग 200 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले अत्याधुनिक टेक्नोलॉजी सेंटर की आधारशिला 15 जून को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी द्वारा रखी जाएगी। मुख्यमंत्री के प्रस्तावित दौरे को लेकर प्रशासनिक तैयारियां युद्धस्तर पर जारी हैं।
200 करोड़ की लागत से बनेगा आधुनिक टेक्नोलॉजी सेंटर
खिजरसराय के देवगांव में प्रस्तावित टेक्नोलॉजी सेंटर एमएसएमई क्षेत्र के विकास और स्थानीय युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण एवं रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। परियोजना पर करीब 200 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री के दौरे की तैयारियां तेज
मुख्यमंत्री के संभावित आगमन को देखते हुए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। हेलीपैड निर्माण, सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है। अधिकारी लगातार स्थल का निरीक्षण कर रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने लिया जायजा
सोमवार को केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने परियोजना स्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की और एमएसएमई विभाग के विकास आयुक्त से फोन पर बातचीत कर परियोजना की प्रगति की जानकारी भी ली।
भूमि पूजन के बाद शुरू होगा निर्माण कार्य
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार टेक्नोलॉजी सेंटर के लिए बाउंड्री वॉल का निर्माण कार्य पहले ही पूरा किया जा चुका है। भूमि पूजन और शिलान्यास कार्यक्रम के बाद मुख्य निर्माण कार्य शुरू होने की संभावना है।
MSME सेक्टर को मिलेगा बड़ा बढ़ावा
यह परियोजना क्षेत्र में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) क्षेत्र को मजबूती प्रदान करेगी। साथ ही स्थानीय स्तर पर कौशल विकास, तकनीकी प्रशिक्षण और रोजगार सृजन के नए अवसर उपलब्ध होंगे।
महिलाओं ने उठाया पेयजल संकट का मुद्दा
निरीक्षण के दौरान समीपवर्ती साधु नगर की महिलाओं ने केंद्रीय मंत्री से पेयजल संकट की शिकायत की। महिलाओं का कहना था कि नियमित जलापूर्ति नहीं होने के कारण उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को समस्या के समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए।
क्षेत्रीय विकास को मिलेगी नई गति
विशेषज्ञों का मानना है कि टेक्नोलॉजी सेंटर के निर्माण से खिजरसराय और आसपास के क्षेत्रों में औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा तथा युवाओं को आधुनिक तकनीकी प्रशिक्षण और रोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त होंगे।




