कांकेर में आकाशीय बिजली का कहर: मनरेगा कार्य के दौरान 2 मजदूरों की मौत, 5 घायल
छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में मनरेगा कार्य के दौरान आकाशीय बिजली गिरने से 2 मजदूरों की मौत हो गई, जबकि 5 लोग घायल हो गए। घायलों का अस्पताल में इलाज जारी है।

कांकेर. छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में शुक्रवार सुबह आकाशीय बिजली गिरने से बड़ा हादसा हो गया। अंतागढ़ थाना क्षेत्र के कलगांव में मनरेगा के तहत तालाब निर्माण कार्य कर रहे मजदूर अचानक मौसम खराब होने पर पेड़ के नीचे खड़े हो गए। इसी दौरान बिजली गिरने से दो मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पांच अन्य लोग घायल हो गए। घटना के बाद इलाके में शोक और दहशत का माहौल है।
मनरेगा कार्य के दौरान हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार कलगांव में मनरेगा योजना के तहत तालाब निर्माण का काम चल रहा था। कार्यस्थल पर करीब 50 मजदूर मौजूद थे। इसी दौरान अचानक मौसम बदला और तेज बारिश शुरू हो गई, जिससे मजदूर बचाव के लिए पास के एक पेड़ के नीचे खड़े हो गए।
बिजली गिरते ही मची अफरा-तफरी
बारिश के बीच अचानक आकाशीय बिजली पेड़ पर गिर गई। हादसे में गांव के उपसरपंच धनराज पटेल समेत एक अन्य मजदूर की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद वहां मौजूद मजदूरों में अफरा-तफरी मच गई और लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे।
पांच मजदूर घायल, अस्पताल में भर्ती
हादसे में पांच मजदूर घायल हुए हैं, जिनमें तीन महिलाएं और दो पुरुष शामिल बताए जा रहे हैं। सभी घायलों को उपचार के लिए अंतागढ़ स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
प्रशासनिक अधिकारी पहुंचे मौके पर
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लिया और राहत कार्य शुरू कराया।
कलेक्टर ने दिए बेहतर इलाज के निर्देश
कलेक्टर Nilesh Mahadev Kshirsagar ने बताया कि घायलों के इलाज के लिए तत्काल एंबुलेंस रवाना की गई है। साथ ही चिकित्सकों को निर्देश दिए गए हैं कि सभी घायलों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
बारिश और आकाशीय बिजली के दौरान बरतें सावधानी
विशेषज्ञों के अनुसार बारिश और गरज-चमक के दौरान पेड़ों के नीचे खड़ा होना बेहद खतरनाक हो सकता है। खराब मौसम में खुले मैदान, ऊंचे पेड़ और बिजली के खंभों से दूर रहना चाहिए तथा सुरक्षित भवन में शरण लेनी चाहिए।




