उज्जैन में अशांति जारी: पथराव, आगजनी और महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार
उज्जैन में लगातार दूसरे दिन हिंसा, पथराव और आगजनी से तनाव। पुलिस ने स्थिति पर पाया काबू, 5 आरोपी गिरफ्तार, मुख्य आरोपी फरार।

उज्जैन. मध्य प्रदेश के उज्जैन में एक बार फिर तनावपूर्ण स्थिति बन गई। गुरुवार शाम हुई तोड़फोड़ और आगजनी के बाद, शुक्रवार दोपहर भी हालात बिगड़े। उपद्रवियों ने पथराव और आगजनी कर दोबारा माहौल खराब करने की कोशिश की, हालांकि पुलिस की तत्परता से स्थिति को जल्द नियंत्रण में ले लिया गया। पुलिस ने आरोपियों की तलाश तेज कर दी है।
तराना तहसील में हमले से शुरू हुआ विवाद
पूरे घटनाक्रम की शुरुआत तराना तहसील के राम मंदिर के पास सुखला गली से हुई, जहां हिंदूवादी नेता सोहेल ठाकुर पर कुछ लोगों ने हमला कर दिया। इसके बाद क्षेत्र में तनाव बढ़ गया और गुरुवार शाम पथराव व आगजनी की घटनाएं सामने आईं। हालात को देखते हुए पुलिस ने बीएनएस की धारा 163 लागू कर दी थी।
थाने का घेराव, बजरंग दल का प्रदर्शन
शुक्रवार को बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने थाने का घेराव किया और हनुमान चालीसा का पाठ किया। वे एक फरार आरोपी की गिरफ्तारी और उसके मकान पर बुलडोजर कार्रवाई की मांग को लेकर धरने पर बैठे। पुलिस ने समझाइश देकर प्रदर्शनकारियों को शांत कराया। इस दौरान स्थानीय विधायक महेश परमार भी थाने पहुंचे और उचित कार्रवाई की मांग की।
दोपहर में फिर बिगड़ा माहौल
दोपहर में एक बार फिर स्थिति तनावपूर्ण हो गई। अज्ञात लोगों ने बस स्टैंड के पास गुरुवार शाम तोड़फोड़ का शिकार हुई एक बस को आग के हवाले कर दिया। नई बाखल ताकिया कलीम इलाके में पथराव की घटना हुई, एक मोटरसाइकिल को क्षतिग्रस्त कर दिया गया और कुछ घरों के शीशे टूट गए। स्थानीय महिलाओं ने गाली-गलौच और बदसलूकी के आरोप भी लगाए हैं।
25–30 लोगों की भीड़ ने की तोड़फोड़
स्थानीय निवासियों के अनुसार, 25–30 लोगों की भीड़ अचानक मोहल्ले में घुसी, पथराव और तोड़फोड़ कर तेजी से फरार हो गई। सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को काबू में किया। पुलिस अब तक 5 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। मुख्य आरोपी की पहचान कर ली गई है, लेकिन वह फिलहाल फरार है।




