विकास की नई उड़ान पर मध्यप्रदेश, डबल इंजन सरकार बनी आधार
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और पीएमजी-प्रगति प्लेटफॉर्म से दशकों से अटकी परियोजनाएं पूरी हुईं, जिससे मध्यप्रदेश सहित देश में बुनियादी ढांचे को नई गति मिली।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सशक्त और दूरदर्शी नेतृत्व तथा केंद्र–राज्य की डबल इंजन सरकार के प्रभावी समन्वय से देश में बुनियादी ढांचा विकास को अभूतपूर्व गति मिली है। दशकों से अटकी परियोजनाओं को अब समयबद्ध ढंग से पूरा किया जा रहा है, जो सुशासन और परिणामोन्मुख प्रशासन का प्रमाण है।
पीएमजी और ‘प्रगति’ से तेज हुई निर्णय प्रक्रिया
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग ग्रुप (PMG) और प्रो-एक्टिव गवर्नेंस एंड टाइमली इम्प्लीमेंटेशन (प्रगति) प्लेटफॉर्म की शुरुआत से निवेश परियोजनाओं को पुनः सक्रिय किया गया। इन संस्थागत व्यवस्थाओं ने केंद्र और राज्य के सभी हितधारकों को एक मंच पर लाकर निर्णय-निर्माण प्रक्रिया को तेज किया है। बुधवार को मीडिया प्रतिनिधियों से बातचीत में मुख्यमंत्री ने पीएमजी की उपलब्धियां साझा कीं। इस अवसर पर मुख्य सचिव अनुराग जैन ने ‘प्रगति’ पर प्रेजेंटेशन दिया।
मध्यप्रदेश को 209 केंद्रीय परियोजनाओं की सौगात
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश को विभिन्न केंद्रीय मंत्रालयों के माध्यम से 209 बड़े प्रोजेक्ट मिले हैं।
- ₹2.61 लाख करोड़ निवेश वाली 108 परियोजनाएं पूर्ण
- ₹5.24 लाख करोड़ से अधिक लागत की 101 परियोजनाएं प्रगति पर
- 97% सफलता दर के साथ केंद्रीय परियोजनाओं का क्रियान्वयन
- इनमें रेल मंत्रालय की 14, सड़क परिवहन की 13, विद्युत की 5 और नवकरणीय ऊर्जा की प्रमुख परियोजनाएं शामिल हैं।
वन्यजीव पर्यटन, उद्योग और नदी परियोजनाएं
- केंद्र और राज्य मिलकर वन्यजीव पर्यटन को बढ़ावा दे रहे हैं। कूनो नेशनल पार्क में चीते बस चुके हैं।
- धार जिले में पीएम मित्र पार्क से कपास उत्पादक किसानों को लाभ मिलेगा।
- मुख्यमंत्री ने बताया कि केन–बेतवा नदी जोड़ो परियोजना सहित प्रदेश में तीन नदी परियोजनाओं पर कार्य चल रहा है, जिससे जल और कृषि क्षेत्र को मजबूती मिलेगी।
रेलवे कनेक्टिविटी को मिली नई रफ्तार
मुख्यमंत्री ने कहा कि 285 किमी लंबी जबलपुर–गोंदिया गेज परिवर्तन परियोजना से मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र के बीच सीधा व अधिक क्षमता वाला रेल संपर्क स्थापित हुआ है। इससे जबलपुर, बालाघाट, मंडला और सिवनी की कनेक्टिविटी नागपुर, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई जैसे प्रमुख शहरों से बढ़ी है। इसके साथ ही ₹18,500 करोड़ लागत की इंदौर–मनमाड़ रेल लाइन की सौगात से उज्जैन सहित पूरे मालवा क्षेत्र को बड़ा लाभ मिलेगा।
परिणामोन्मुख शासन ही सुशासन का आधार
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने शासन व्यवस्था को प्रक्रियात्मक नहीं, बल्कि परिणामोन्मुख और जवाबदेह बनाया है। पीएमजी और ‘प्रगति’ पोर्टल के माध्यम से समय, लागत और विश्वास—तीनों स्तरों पर ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल हुई हैं। राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर केंद्र–राज्य समन्वय ही देश के विकास की सबसे बड़ी शक्ति है।




