10वीं के छात्रों पर POCSO के तहत केस दर्ज, छोटे बच्चों के साथ अनुचित यौन कृत्य से मचा हड़कंप
महाराष्ट्र के नाशिक में सरकारी हॉस्टल में पढ़ने वाले 10वीं के छात्रों पर जूनियर बच्चों के साथ रैगिंग के नाम पर अप्राकृतिक कृत्य करने का आरोप लगा है। पुलिस ने POCSO के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

महाराष्ट्र के नाशिक से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक सरकारी हॉस्टल में रहने वाले कक्षा 10 के कई छात्रों के खिलाफ POCSO एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरोप है कि इन छात्रों ने अपने से कम उम्र के बच्चों के साथ रैगिंग के नाम पर अप्राकृतिक कृत्य किए। इस घटना के सामने आने के बाद पुलिस ने अभिभावकों की शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर लिया है।
5वीं और 6वीं के बच्चों को बनाया गया निशाना
रिपोर्ट के मुताबिक, यह मामला नाशिक जिले के एक सरकारी छात्रावास का है। आरोप है कि हॉस्टल में रहने वाले कक्षा 10 के छात्रों ने कक्षा 5 और 6 के बच्चों के साथ अप्राकृतिक कृत्य किए। मंगलवार को इस मामले में शिकायत दर्ज कराई गई, जिसके बाद पुलिस प्रशासन तुरंत हरकत में आ गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी बालासाहेब पाटिल भी मौके पर पहुंचे और पूरे घटनाक्रम की जांच शुरू कराई।
6–7 महीनों से हो रही थी रैगिंग
एसपी बालासाहेब पाटिल के अनुसार, कक्षा 10 के छात्र जूनियर बच्चों के साथ रैगिंग के नाम पर यह कृत्य करते थे। पीड़ित छात्रों के बयान के आधार पर यह घटना पिछले 6 से 7 महीनों से जारी थी।
बताया गया कि 22 फरवरी को पीड़ित छात्रों ने इस मामले की जानकारी हॉस्टल के सुपरिटेंडेंट को दी थी। इसके बाद सुपरिटेंडेंट ने आरोपित छात्रों के अभिभावकों से संपर्क कर उन्हें घर ले जाने के लिए कहा और पीड़ित बच्चों के माता-पिता को भी बुलाया गया।
पुलिस ने शुरू की कार्रवाई
मामले में एक पीड़ित छात्र के माता-पिता ने मंगलवार को आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी। पुलिस ने सीनियर छात्रों को हिरासत में लेना शुरू कर दिया है और उन्हें जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड के सामने पेश किया जाएगा।
इसके अलावा हॉस्टल के सुपरिटेंडेंट समेत तीन कर्मचारियों के खिलाफ भी केस दर्ज किया गया है। आरोप है कि घटना की जानकारी होने के बावजूद उन्होंने पुलिस को समय पर सूचना नहीं दी। जानकारी के मुताबिक, हॉस्टल में 60 छात्रों के रहने की क्षमता है, जबकि घटना के समय वहां 48 छात्र रह रहे थे।




