18 फरवरी को MP Budget 2026-27, सरकार बताएगी विकास का रोडमैप
MP Budget 2026-27: मध्यप्रदेश सरकार 18 फरवरी को पेश करेगी 4.63 लाख करोड़ तक का बजट। रोजगार, कृषि, युवा और महिला सशक्तिकरण पर रहेगा फोकस, 10 हजार करोड़ का अनुपूरक बजट भी होगा पेश।

भोपाल. मध्यप्रदेश सरकार 18 फरवरी 2026 को विधानसभा में अपना तीसरा बजट पेश करेगी। बजट को वित्त मंत्री एवं उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा सदन में प्रस्तुत करेंगे। यह बजट रिकॉर्ड राशि और समावेशी विकास के एजेंडे के साथ तैयार किया जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार, राज्य का अनुमानित बजट आकार लगभग 4.63 लाख करोड़ रुपये हो सकता है, जो पिछले वर्ष की तुलना में करीब 10 प्रतिशत अधिक रहेगा। उल्लेखनीय है कि मध्यप्रदेश विधानसभा का बजट सत्र 16 फरवरी से शुरू होगा और 18 फरवरी को बजट पेश किया जाएगा।
मुख्यमंत्री का बयान: बजट की तस्वीर 18 फरवरी को होगी साफ
कुशाभाऊ ठाकरे कन्वेंशन सेंटर में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बजट से जुड़े सवाल पर कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकताएं और प्रावधानों की पूरी तस्वीर MP Budget 2026-27 के दिन ही सामने आएगी।
MP Budget 2026-27: इन क्षेत्रों पर रह सकता है विशेष फोकस
सरकारी संकेतों और बजट तैयारियों के आधार पर इस बार के बजट में निम्नलिखित क्षेत्रों पर विशेष जोर रहने की संभावना है—
- कृषि एवं ग्रामीण विकास: किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने वाली योजनाएं
- रोजगार सृजन: करीब 50 हजार सरकारी नौकरियों की घोषणा की संभावना
- युवा एवं कौशल विकास: तकनीकी कौशल, उद्यमिता और रोजगार के नए अवसर
- महिला सशक्तिकरण: महिला-केंद्रित योजनाओं के बजट में बढ़ोतरी की उम्मीद
केंद्रीय बजट 2026-27 का MP बजट पर असर
हाल ही में पेश किए गए केंद्रीय बजट 2026-27 का प्रभाव मध्यप्रदेश के बजट प्रावधानों पर भी पड़ सकता है। वित्त आयोग के कर वितरण के नए फॉर्मूले के कारण राज्य को केंद्रीय कर हिस्सेदारी में लगभग 7,500 करोड़ रुपये का नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है।
हालांकि, रेलवे और इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए मध्यप्रदेश को करीब 15,188 करोड़ रुपये का आवंटन मिला है। वहीं, नगर निगमों के लिए हरित बॉन्ड प्रोत्साहन में कटौती के चलते शहरी निकायों को मिलने वाले कुछ वित्तीय लाभ सीमित हो सकते हैं।
MP Budget 2026-27 से उम्मीदें
विश्लेषकों का मानना है कि यदि इस बजट में रोजगार, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और शिक्षा पर पर्याप्त निवेश किया जाता है, तो यह मध्यप्रदेश की विकास यात्रा को नई गति दे सकता है—खासतौर पर ऐसे समय में, जब राज्य की कर हिस्सेदारी में कमी आई है।
10 हजार करोड़ का अनुपूरक बजट भी होगा पेश
बजट सत्र के दौरान चालू वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए तीसरा और अंतिम अनुपूरक बजट भी सदन में रखा जाएगा। सूत्रों के मुताबिक इसका आकार करीब 10 हजार करोड़ रुपये हो सकता है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस अनुपूरक बजट में
- कोई नई योजना शामिल नहीं होगी
- न ही किसी विभाग के लिए नए वाहन खरीदने का प्रावधान किया जाएगा।
- सरकार का उद्देश्य राज्य के राजकोष पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ से बचना बताया जा रहा है।




