
रांची. झारखंड हाईकोर्ट को नया मुख्य न्यायाधीश मिल गया है। लोकभवन में शुक्रवार को आयोजित समारोह में राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने महेश शरदचंद्र सोनक को झारखंड हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश पद की शपथ दिलाई। इस अवसर पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, झारखंड हाईकोर्ट के अन्य न्यायाधीश, महाधिवक्ता, स्टेट बार काउंसिल के अध्यक्ष, वरिष्ठ अधिवक्ता, न्यायिक अधिकारी और राज्य सरकार के मंत्री उपस्थित रहे।
गणमान्यजनों ने दी बधाई
समारोह के दौरान उपस्थित सभी गणमान्य लोगों ने नवनियुक्त मुख्य न्यायाधीश को बधाई और शुभकामनाएं दीं। जस्टिस महेश शरदचंद्र सोनक का मुख्य न्यायाधीश के रूप में कार्यकाल 28 नवंबर 2026 तक रहेगा। उनका स्थानांतरण बॉम्बे हाईकोर्ट से झारखंड हाईकोर्ट किया गया है।
न्यायिक सेवा का लंबा अनुभव
जस्टिस सोनक का नामांकन अक्टूबर 1988 में महाराष्ट्र एवं गोवा बार काउंसिल में अधिवक्ता के रूप में हुआ। उन्होंने बॉम्बे हाईकोर्ट की पणजी पीठ में सिविल एवं संवैधानिक कानून, श्रम एवं सेवा कानून, पर्यावरण कानून, वाणिज्यिक एवं कर कानून, कंपनी कानून तथा जनहित याचिकाओं के क्षेत्र में लंबे समय तक प्रभावी प्रैक्टिस की।
अपने विधिक करियर में उन्होंने केंद्र सरकार के लिए अतिरिक्त स्थायी अधिवक्ता, राज्य सरकार के लिए विशेष अधिवक्ता तथा विभिन्न निगमों को कानूनी सेवाएं प्रदान कीं। उनकी विधिक दक्षता को देखते हुए 21 जून 2013 को उन्हें बॉम्बे हाईकोर्ट का अतिरिक्त न्यायाधीश नियुक्त किया गया।
शिक्षा और प्रारंभिक जीवन
जस्टिस महेश शरदचंद्र सोनक का जन्म 28 नवंबर 1964 को हुआ। उन्होंने प्रारंभिक शिक्षा गोवा के पणजी स्थित डॉन बॉस्को हाई स्कूल से प्राप्त की। इसके बाद धेम्पे कॉलेज ऑफ आर्ट्स एंड साइंस से बीएससी तथा एमएस कॉलेज ऑफ लॉ, पणजी से प्रथम श्रेणी में एलएलबी की डिग्री हासिल की। इसके अतिरिक्त उन्होंने जेवियर सेंटर ऑफ हिस्टोरिकल रिसर्च से पुर्तगाली भाषा में डिप्लोमा भी प्राप्त किया है।




