मायानगरी तक का सफर: राम गोपाल वर्मा की सीख से आदित्य धर बने फिल्ममेकर
फिल्म ‘धुरंधर’ को राम गोपाल वर्मा ने भारतीय सिनेमा का ‘क्वांटम लीप’ बताया। उनकी तारीफ पर निर्देशक आदित्य धर भावुक हुए और कहा कि आरजीवी की फिल्मों से ही उन्होंने सिनेमा बनाना और अलग सोच रखना सीखा।
मुंबई. फिल्म निर्माता-निर्देशक आदित्य धर की फिल्म ‘धुरंधर’ अपने नाम की तरह ही दर्शकों और बॉक्स ऑफिस पर धाक जमा रही है। हिंदी सिनेमा से जुड़े कई दिग्गज फिल्म को ‘आइकॉनिक’ करार दे रहे हैं। इसी कड़ी में दिग्गज निर्देशक राम गोपाल वर्मा ने भी फिल्म की जमकर सराहना की है। वर्मा की तारीफ पर प्रतिक्रिया देते हुए आदित्य धर ने न सिर्फ उन्हें अपनी प्रेरणा बताया, बल्कि उनके साथ काम करने की इच्छा भी जाहिर की।
राम गोपाल वर्मा ने बताया ‘क्वांटम लीप’
‘रंगीला’, ‘सत्या’ और ‘सरकार’ जैसी फिल्मों के निर्देशक राम गोपाल वर्मा ने ‘धुरंधर’ को लेकर सोशल मीडिया पर एक के बाद एक ट्वीट किए। उन्होंने लिखा, “धुरंधर एक फिल्म नहीं है, यह इंडियन सिनेमा में एक क्वांटम लीप है। आदित्य धर ने अकेले ही इंडियन सिनेमा का भविष्य बदल दिया है—चाहे वह उत्तर हो या दक्षिण। धुरंधर सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि एक क्वांटम लीप है।”
‘आपकी फिल्मों से ही मैंने सिनेमा सीखा’
राम गोपाल वर्मा की सराहना से अभिभूत आदित्य धर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक भावुक पोस्ट साझा की। उन्होंने लिखा, “मैं सालों पहले एक सूटकेस, एक सपना और इस अजीब विश्वास के साथ मुंबई आया था कि एक दिन मैं राम गोपाल वर्मा के अंडर काम करूंगा। ऐसा कभी नहीं हुआ, लेकिन कहीं न कहीं, बिना जाने, मैंने आपके सिनेमा के अंदर ही काम किया।”
‘आपने अलग तरह से सोचना सिखाया’
आदित्य धर ने आगे लिखा, “आपकी फिल्मों ने मुझे सिर्फ फिल्में बनाना ही नहीं सिखाया, बल्कि अलग तरीके से सोचना भी सिखाया। आपने इंडियन सिनेमा को निडर, बेबाक और जिंदादिल बनाया।”
‘धुरंधर’ के डीएनए में आरजीवी की छाप
धुरंधर के निर्माता-निर्देशक ने साफ कहा कि अगर उनकी फिल्म में उस बेबाक सिनेमा की झलक दिखाई देती है, तो उसके पीछे राम गोपाल वर्मा की फिल्मों का गहरा प्रभाव है। आदित्य ने लिखा, “अगर धुरंधर में उस डीएनए का थोड़ा सा भी हिस्सा है, तो इसलिए क्योंकि जब मैं इसे लिख और डायरेक्ट कर रहा था, तब आपकी फिल्मों की गूंज मेरे दिमाग में थी।”
साथ काम करने की जताई इच्छा
आदित्य धर ने अपनी सफलता का श्रेय राम गोपाल वर्मा को देते हुए उनके साथ काम करने की इच्छा भी जाहिर की। गौरतलब है कि राम गोपाल वर्मा हिंदी सिनेमा को नई दिशा देने वाली फिल्मों—सरकार, रंगीला, सत्या, कंपनी और हॉरर क्लासिक रात—के लिए जाने जाते हैं।




