इंदौर बना ड्रग्स नेटवर्क का हब? 10 करोड़ की MD फैक्टरी बेनकाब, मुख्य सरगना अब भी फरार
आगर-मालवा में पकड़ी गई अवैध एमडी ड्रग्स फैक्ट्री में 31.25 किलो ड्रग्स और 600 किलो केमिकल जब्त, तीन आरोपी हिरासत में। 36 घंटे बाद भी मास्टरमाइंड रहस्य बना।

आगर-मालवा. आगर-मालवा जिले में पकड़ी गई अवैध एमडी ड्रग्स फैक्ट्री के मामले में 36 घंटे बीत जाने के बाद भी नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) इस नेटवर्क के असली ‘खिलाड़ी’ तक नहीं पहुंच सकी है। छापेमारी के दौरान जहां 31.25 किलो एमडी ड्रग्स और पूरी लैब जब्त की गई, वहीं जमीन के असली मालिक और फैक्ट्री के मुख्य संचालक को लेकर रहस्य बना हुआ है। प्रारंभिक जांच में जमीन स्थानीय लोगों के नाम दर्ज है, लेकिन इस अवैध कारोबार के तार इंदौर से जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है।
फार्म हाउस मैनेजर समेत तीन आरोपी हिरासत में
एनसीबी उज्जैन के अधीक्षक मुकेश खत्री ने मीडिया को बताया कि आमला क्षेत्र में संचालित एमडी ड्रग्स निर्माण की अवैध फैक्ट्री के मामले में फार्म हाउस के मैनेजर सिद्धनाथ धारासिंह और प्रहलाद सिंह के खिलाफ कार्रवाई की गई है। तीन लोगों को हिरासत में लेकर उनसे गहन पूछताछ की जा रही है। पूछताछ में कुछ अहम सुराग हाथ लगे हैं, हालांकि जांच के मद्देनजर उनका खुलासा नहीं किया गया है।
तीर्थ हर्बल नर्सरी में छुपी थी ड्रग्स फैक्ट्री
जानकारी के अनुसार शनिवार को आमला के पास स्थित तीर्थ हर्बल नर्सरी में नारकोटिक्स ब्यूरो की टीम ने एमडी ड्रग्स की अवैध फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया था। रविवार को टीम ने पुष्टि की कि फैक्ट्री संचालन से जुड़े तीन संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ जारी है।
31.25 किलो एमडी और 600 किलो से अधिक केमिकल जब्त
नारकोटिक्स विभाग के अधिकारियों ने बताया कि नर्सरी परिसर में छुपी लैब से 31 किलो 250 ग्राम एमडी ड्रग्स और 600 किलो से अधिक एमडी निर्माण में प्रयुक्त केमिकल्स जब्त किए गए हैं। साथ ही ड्रग्स बनाने की मशीनें और तकनीकी उपकरण भी बरामद हुए। टीम ने मौके पर ही पूरी लैब को नष्ट करा दिया, ताकि दोबारा अवैध गतिविधि न हो सके।
जंगल के बीच सुनसान जगह पर बनी थी लैब
आगर-मालवा जिला मुख्यालय से करीब 25 किलोमीटर दूर, झालावाड़–कोटा रोड पर आमला गांव के पास यह नर्सरी स्थित है। हाईवे से करीब एक किलोमीटर अंदर जंगल की ओर कच्चे रास्ते पर यह फार्म हाउस है, जहां बाहर “तीर्थ हर्बल फार्म एंड नर्सरी” का बोर्ड लगा हुआ है। चारों ओर तारों की फेंसिंग है और आसपास किसानों की कृषि भूमि है।
अंतरराज्यीय ड्रग्स सप्लाई की थी सूचना
एनसीबी को सूचना मिली थी कि आमला स्थित इस नर्सरी कम फार्म हाउस से अंतरराज्यीय तस्करों को एमडी ड्रग्स की बड़ी खेप सप्लाई की जानी है। इसके बाद उज्जैन, जावरा और नीमच कार्यालयों की संयुक्त टीम ने आधी रात को नर्सरी को घेराबंदी कर निगरानी में लिया। सुबह तक जब कोई डिलीवरी लेने नहीं पहुंचा, तब टीम ने अंदर प्रवेश कर गुप्त रूप से बनी एमडी लैब का पर्दाफाश किया।
स्थानीय पुलिस की भूमिका पर सवाल
कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद तीन संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। इधर, एनसीबी की इस बड़ी कार्रवाई के बाद स्थानीय पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठने लगे हैं। चर्चा है कि थाना क्षेत्र में इतनी बड़ी ड्रग्स फैक्ट्री संचालित हो रही थी और स्थानीय पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी।




