बिहारराज्य

खेती को मिलेगा बूस्ट: बिहार के नए गन्ना किसानों के लिए मुफ्त बीज योजना, रजिस्ट्रेशन शुरू

बिहार सरकार गन्ना खेती का रकबा बढ़ाने पर जोर दे रही है। नई चीनी मिलों से पहले किसानों को मुफ्त गन्ना बीज, 15 दिन में बकाया भुगतान और 72 जलजमाव निराकरण योजनाएं चिह्नित।

पटना. राज्य सरकार नई चीनी मिलों की स्थापना से पहले गन्ने की खेती का रकबा बढ़ाने के लिए व्यापक प्रयास कर रही है। उद्देश्य यह है कि भविष्य में चीनी मिलों को गन्ने की कमी का सामना न करना पड़े। इसी कड़ी में जिन क्षेत्रों में अब तक गन्ने की खेती नहीं होती है, वहां किसानों को पांच एकड़ तक मुफ्त गन्ना बीज उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है।

अपर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में हुई राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक

यह निर्णय गन्ना उद्योग विभाग के अपर मुख्य सचिव सेंथिल कुमार की अध्यक्षता में आयोजित राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक में लिया गया। बैठक को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में गन्ने की खेती नहीं हो रही है, उन्हें विकसित किया जाए और किसानों के बीच व्यापक प्रचार-प्रसार कर उन्हें गन्ना उत्पादन के लिए प्रेरित किया जाए।

15 दिनों में किसानों के बकाये भुगतान और रजिस्ट्रेशन के निर्देश

अपर मुख्य सचिव ने गन्ना किसानों के बकाया मूल्य का 15 दिनों के भीतर भुगतान सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसके साथ ही राज्य के सभी गन्ना किसानों का 15 दिनों के अंदर अनिवार्य रजिस्ट्रेशन कराने के निर्देश भी दिए गए।

विभिन्न योजनाओं की समीक्षा, क्रियान्वयन पर जोर

बैठक में ईख मूल्य भुगतान, मुख्यमंत्री गन्ना विकास योजना, यांत्रिकरण योजना, गुड़ प्रोत्साहन योजना, चीनी मिलों से जुड़ी समस्याएं, नई चीनी मिलों की स्थापना और अन्य विभागीय योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। अधिकारियों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।

किसानों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना प्राथमिकता

गन्ना आयुक्त अनिल कुमार झा ने कहा कि प्रमाणित बीज उत्पादन प्रोत्साहन कार्यक्रम के तहत निर्धारित लक्ष्यों को हर हाल में हासिल करना है। बेहतर प्रदर्शन करने वाले अधिकारियों और इकाइयों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा। बैठक में संयुक्त गन्ना आयुक्त जेपीएन सिंह, सभी चीनी मिलों के महाप्रबंधक, उपनिदेशक, सहायक निदेशक और अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

गन्ना क्षेत्रों को जलजमाव से मुक्त करने के लिए 72 योजनाएं चिह्नित

गन्ना कृषि क्षेत्रों में जलजमाव की समस्या के समाधान के लिए जल संसाधन विभाग और गन्ना उद्योग विभाग द्वारा संयुक्त समीक्षा की गई। नहरों, स्लुइस गेट, पुलिया निर्माण, नाला उड़ाही और अतिक्रमण मुक्ति से संबंधित कार्यों के लिए जिलों में सर्वेक्षण कराया जा रहा है। अब तक पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण और समस्तीपुर जिलों में कुल 72 योजनाएं चिह्नित की गई हैं। इनके क्रियान्वयन से 61,590 एकड़ क्षेत्र को जलजमाव से मुक्ति मिलने की संभावना है।

सर्वे रिपोर्ट शीघ्र देने के निर्देश

बैठक की अध्यक्षता कर रहे जल संसाधन विभाग के प्रधान सचिव एसके मल्ल ने संबंधित अभियंताओं को सर्वेक्षण कार्य शीघ्र पूरा कर विभाग को रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, ताकि प्राथमिकता के आधार पर योजनाओं को अंतिम रूप दिया जा सके।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button