दावोस से अच्छी खबर: मध्यप्रदेश की औद्योगिक गति ने खींचा वैश्विक ध्यान—सीएम
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दावोस में कहा कि मध्यप्रदेश के औद्योगिक विकास की गूंज अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दिखी। नवकरणीय ऊर्जा, निवेश और रोजगार में प्रदेश ने उल्लेखनीय प्रगति की है।

भोपाल. मुख्यमंत्री Mohan Yadav ने कहा है कि मध्यप्रदेश में बीते दो वर्षों के दौरान हुई तीव्र औद्योगिक प्रगति का सकारात्मक प्रभाव World Economic Forum के दावोस सम्मेलन में स्पष्ट रूप से दिखाई दिया। दावोस में विभिन्न क्षेत्रों के प्रमुख उद्योगपतियों और व्यापार प्रतिनिधियों के साथ हुई बैठकों के बाद मुख्यमंत्री ने यह प्रतिक्रिया व्यक्त की।
उन्होंने बताया कि अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के साथ निवेश, औद्योगिक साझेदारी और तकनीकी सहयोग को लेकर सार्थक चर्चा हुई है, जिसके सकारात्मक परिणाम आने वाले समय में सामने आएंगे।
नवकरणीय ऊर्जा में देश का पावर हब बना मध्यप्रदेश
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के मार्गदर्शन में WEF-2026 में भारत का अब तक का सबसे बड़ा प्रतिनिधिमंडल शामिल हुआ। भारत तेज़ी से आर्थिक प्रगति कर रहा है और अगले एक से डेढ़ वर्ष में विश्व की तीसरी सबसे बड़ी आर्थिक शक्ति बनने की दिशा में अग्रसर है। उन्होंने कहा कि इस बदलाव के दौर में मध्यप्रदेश में सोलर एनर्जी, आईटी, टूरिज्म और उद्योग सहित सभी क्षेत्रों में व्यापक संभावनाएं मौजूद हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि—
- मध्यप्रदेश नवकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में देश का पावर हब बन चुका है।
- प्रदेश में पंप स्टोरेज, सोलर और विंड एनर्जी उत्पादन को लगातार बढ़ाया जा रहा है।
- ओंकारेश्वर में बांध के जल पर सोलर प्लेट स्थापित कर बिजली उत्पादन किया जा रहा है।
- 32 लाख किसानों को सोलर पंप उपलब्ध कराकर उन्हें बिजली के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है।
- इन प्रयासों के परिणामस्वरूप मध्यप्रदेश देश में नवकरणीय स्रोतों से सबसे सस्ती बिजली उपलब्ध कराने वाला राज्य बन गया है, जिसे समझने और अध्ययन करने के लिए अन्य राज्य और निवेशक उत्सुक हैं।
मालदीव के साथ औद्योगिक और आर्थिक साझेदारी के संकेत
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि दावोस में मालदीव के मंत्री और अर्थशास्त्री Mohamed Saeed के साथ विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई।
उन्होंने कहा कि टूरिज्म के अलावा मत्स्य पालन, आईटी और स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों में मालदीव के साथ साझेदारी की व्यापक संभावनाएं हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और मालदीव के राष्ट्रपति के बीच पूर्व में लिए गए ठोस निर्णयों के अनुरूप मध्यप्रदेश सरकार भी मालदीव के साथ मिलकर आगे बढ़ने के लिए तैयार है। उन्होंने बताया कि आगामी समय में वे स्वयं मालदीव की यात्रा कर परस्पर विकास और निवेश सहयोग की संभावनाओं को आगे बढ़ाएंगे।
सबसे तेज औद्योगिक विकास करने वाला युवा राज्य: मध्यप्रदेश
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में कृषि और पोल्ट्री क्षेत्र में भी व्यापक संभावनाएं हैं और भविष्य में अन्य राज्यों के साथ व्यापारिक सहयोग को और सशक्त किया जाएगा। उन्होंने बताया कि—
- प्रदेश के पास पर्याप्त लैंड बैंक और पर्याप्त बिजली उपलब्ध है।
- भारत के मध्य में स्थित होने के कारण ट्रांसपोर्टेशन की दृष्टि से मध्यप्रदेश बेहद अनुकूल है।
- निवेशकों का रुझान लगातार प्रदेश की ओर बढ़ रहा है और उद्योग विस्तार के लिए कई एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
मुख्यमंत्री के अनुसार, मध्यप्रदेश देश के उन तीन प्रमुख राज्यों में शामिल है, जिन्होंने औद्योगिक विकास की रफ्तार तेज की है। इनमें मध्यप्रदेश सबसे युवा राज्य के रूप में उभरकर सामने आया है।
बीते दो वर्षों में राज्य सरकार के प्रयासों से प्रदेश में बेरोजगारी दर लगभग एक प्रतिशत तक आ गई है, जो युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में किए गए प्रयासों का सकारात्मक परिणाम है।




